भराड़ीसैंण (गैरसैंण): उत्तराखंड विधानसभा के बजट सत्र की शुरुआत सोमवार, 9 मार्च को गैरसैंण स्थित भराड़ीसैंण विधानसभा भवन में राज्यपाल के अभिभाषण के साथ हुई। अपने संबोधन में राज्यपाल ने सरकार की उपलब्धियों और आगामी योजनाओं का खाका पेश करते हुए विकास, रोजगार, पर्यटन, महिला सशक्तिकरण और वर्ष 2047 तक विकसित उत्तराखंड बनाने के लक्ष्य पर जोर दिया।
राज्यपाल ने कहा कि सरकार उत्तराखंड को वर्ष 2047 तक एक विकसित राज्य बनाने के लिए आर्थिक विकास, सामाजिक न्याय, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में लगातार कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य पहाड़ और मैदान दोनों क्षेत्रों में संतुलित विकास सुनिश्चित करना है।
अभिभाषण में शिक्षा क्षेत्र में किए गए सुधारों का भी उल्लेख किया गया। राज्यपाल ने कहा कि सरकार नकल मुक्त परीक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रतियोगी परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने के लिए कड़े कानून लागू किए गए हैं और युवाओं को बेहतर शिक्षा व रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही हैं।
राज्यपाल ने कहा कि महिला सशक्तिकरण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाया जा रहा है। ‘लखपति दीदी’ जैसी योजनाओं के जरिए महिलाओं की आय बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही महिला समूहों को बैंक ऋण उपलब्ध कराकर उन्हें स्वरोजगार से जोड़ने की दिशा में भी काम किया जा रहा है।
रोजगार और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना 2.0 का जिक्र करते हुए राज्यपाल ने कहा कि इसके तहत युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने के लिए आर्थिक सहायता दी जा रही है। इस योजना से हजारों युवाओं को लाभ मिला है और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़े हैं।
राज्यपाल ने कहा कि पर्यटन राज्य की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है। सरकार चारधाम यात्रा के साथ-साथ शीतकालीन पर्यटन को भी बढ़ावा दे रही है। विंटर टूरिज्म को विकसित करने के लिए विशेष योजनाएं लागू की गई हैं, ताकि सालभर पर्यटन गतिविधियां जारी रहें और स्थानीय लोगों को रोजगार मिल सके। साथ ही धार्मिक, सांस्कृतिक और साहसिक पर्यटन को भी प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
अभिभाषण में ग्रामीण विकास और आधारभूत ढांचे के विस्तार का भी जिक्र किया गया। राज्य में सड़क, बिजली, पानी और डिजिटल सेवाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए काम किया जा रहा है, ताकि नागरिकों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ आसानी से मिल सके।
राज्यपाल ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने और कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए भी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देने, कृषि उत्पादों के बेहतर विपणन और दुग्ध उत्पादन को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार प्रयास कर रही है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।
राज्यपाल ने कहा कि सरकार पारदर्शी और जवाबदेह प्रशासन देने के लिए प्रतिबद्ध है। बजट सत्र की शुरुआत के साथ ही सरकार ने विकास, रोजगार, पर्यटन और महिला सशक्तिकरण को अपनी प्राथमिकताओं में रखते हुए आने वाले समय की दिशा स्पष्ट कर दी है। अब सदन में इन मुद्दों पर चर्चा के साथ आगामी बजट में इन योजनाओं को आगे बढ़ाने की रूपरेखा सामने आने की उम्मीद है।
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