
गदरपुर/रुद्रपुर। नीति आयोग, भारत सरकार द्वारा चयनित आकांक्षी विकास खंड गदरपुर में चल रहे विकास कार्यों का जायजा लेने के लिए बुधवार को केंद्र सरकार के उच्चाधिकारियों की टीम ने स्थलीय निरीक्षण किया। टीम ने शिक्षा, स्वास्थ्य और आजीविका से जुड़ी परियोजनाओं को देख संतोष जताया और लाभार्थियों से सीधा संवाद कर फीडबैक लिया।
छह प्रमुख संकेतकों पर रहेगा फोकस
भारत सरकार के कोयला मंत्रालय के निदेशक दीपक गोयल और रक्षा मंत्रालय के डिप्टी सेक्रेटरी संजय कुमार के नेतृत्व में आई टीम ने बताया कि आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम के तहत 28 जनवरी से 14 अप्रैल, 2026 तक शिक्षा, स्वास्थ्य, टीकाकरण और पोषण जैसे 6 प्रमुख संकेतकों को शत-प्रतिशत संतृप्त (पूरा) करने का लक्ष्य रखा गया है।
निरीक्षण के दौरान इन केंद्रों पर पहुंची टीम
अधिकारियों ने क्षेत्र का सघन भ्रमण किया, जिसमें प्रमुख रूप से निम्नलिखित स्थानों का निरीक्षण किया गया:
डेयरी व कृषि: ग्राम रजपुरा में मलकीत डेयरी एवं ब्रीड मल्टीप्लिकेशन फार्म।
शिक्षा व पोषण: राजकीय प्राथमिक विद्यालय रजपुरा, आंगनबाड़ी केंद्र और गदरपुर स्थित अक्षयपात्र किचन।
स्वास्थ्य: आयुष्मान आरोग्य मंदिर, आदर्श नगर।
आजीविका: नारायणपुर में विशाल मंडल द्वारा संचालित वर्मी कंपोस्ट इकाई, पुष्प उत्पादन व मत्स्य पालन।
जल संरक्षण: ग्राम पिपलिया में अमृत सरोवर।
“सरकार की इन योजनाओं का उद्देश्य अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति को मुख्यधारा से जोड़ना है। निरीक्षण के दौरान कार्यों की गुणवत्ता सराहनीय पाई गई है।”
— केंद्रीय टीम (निरीक्षण के दौरान)
अधिकारियों ने साझा की प्रगति रिपोर्ट
मुख्य विकास अधिकारी (CDO) दिवेश शाशनी ने टीम को ब्लॉक में चल रही योजनाओं के क्रियान्वयन की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सभी विभागों के समन्वय से लक्ष्यों को समय सीमा के भीतर पूरा कर लिया जाएगा।
ये रहे मौजूद:
इस अवसर पर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. आशुतोष जोशी, मुख्य कृषि अधिकारी डॉ. वीके यादव, मुख्य उद्यान अधिकारी एसके शर्मा, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एसपी सिंह, जिला कार्यक्रम अधिकारी मुकुल चौधरी और खंड विकास अधिकारी आतिया परवीन सहित कई विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
