
- पीडब्ल्यूडी और एनएचएआई मिलकर बना रहे पुल, करीब 16 करोड़ रुपये आ रही लागत
- बादल फटने से तिरछा हो गया था पिलर; इस बार सुरक्षा के लिए ‘वेल फाउंडेशन’ तकनीक का इस्तेमाल
देहरादून। देहरादून के प्रेमनगर स्थित नंदा की चौकी (टौंस नदी) पुल से सफर करने वाले लोगों के लिए राहत भरी खबर है। पिछले साल मानसून की आफत में क्षतिग्रस्त हुए इस पुल का पुनर्निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने मौके पर पहुंचकर पुनर्निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को तय समय पर काम पूरा करने के निर्देश दिए और बताया कि पुल का 95 फीसदी काम पूरा हो चुका है। अगले 10 दिनों में यानी बरसात शुरू होने से पहले इसे आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा।
पुल से जुड़ी बड़ी बातें:
- लागत: पीडब्ल्यूडी (PWD) और एनएचएआई (NHAI) द्वारा करीब 16 करोड़ रुपये की लागत से पुनर्निर्माण कराया जा रहा है।
- बचत: पुराने पुल और उसके पिलरों का दोबारा सुरक्षित उपयोग कर परियोजना की लागत को कम किया गया है।
- सुरक्षा: नदी के दोनों किनारों पर आरसीसी (RCC) दीवार का निर्माण और बाकी तीन पिलरों का सुरक्षात्मक कार्य भी किया जा रहा है।
- तकनीक: पुल को अत्यधिक सुरक्षित बनाने के लिए साधारण ओपन फाउंडेशन के बजाय ‘वेल फाउंडेशन’ (Well Foundation) तकनीक का इस्तेमाल किया गया है।
बादल फटने से तिरछा हो गया था पिलर, अस्थायी मार्ग से चल रही थी आवाजाही
पिछले साल मानसून के दौरान भारी बारिश और बादल फटने की घटना के कारण टौंस नदी पर बने इस पुल का एक पिलर तिरछा हो गया था। इसके बाद से ही स्थानीय लोग और राहगीर नदी के बीच से बनाए गए एक अस्थायी (कच्चे) मार्ग से आवाजाही करने को मजबूर थे। अब क्षतिग्रस्त हिस्से को हटाकर वहां नया पिलर तैयार किया गया है और पूरे पुल को उस पर सफलतापूर्वक स्थापित कर दिया गया है।
भविष्य की सुरक्षा के लिए आरसीसी दीवार का निर्माण
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि सरकार का उद्देश्य आपदा प्रभावित क्षेत्रों में केवल काम चलाना नहीं, बल्कि एक स्थायी और सुरक्षित ढांचा तैयार करना है ताकि भविष्य में लोगों को दोबारा ऐसी परेशानी न झेलनी पड़े। इसी के तहत नदी के दोनों साइड आरसीसी वाल का निर्माण कार्य भी करवाया जा रहा है।
चारधाम यात्रियों से शांति बनाए रखने की अपील
निरीक्षण के दौरान कैबिनेट मंत्री ने प्रदेश में चल रही चारधाम यात्रा का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यात्रा पूरी तरह सुचारू रूप से संचालित हो रही है। उन्होंने देश-विदेश से आने वाले सभी श्रद्धालुओं से शांति और संयम बनाए रखने की अपील की ताकि यात्रा बिना किसी व्यवधान के शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
