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साबिर पाक के 758वें उर्स और ईद मिलादुन्नबी पर आस्था का सैलाब, कव्वालियों से गुलजार हुआ पिरान कलियर

26 August 2026

AI News Reader

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साबिर पाक के 758वें उर्स और ईद मिलादुन्नबी पर आस्था का सैलाब, कव्वालियों से गुलजार हुआ पिरान कलियर

पिरान कलियर दरगाह

पिरान कलियर (हरिद्वार): विश्व प्रसिद्ध दरगाह साबिर पाक के 758वें सालाना उर्स और 12 रबीउलअव्वल (ईद मिलादुन्नबी) के मुबारक मौके पर पिरान कलियर में अकीदत और आस्था का अभूतपूर्व नजारा देखने को मिला। देश-विदेश से पहुंचे लाखों जायरीनों ने हजरत मखदूम अलाउद्दीन अली अहमद साबिर कलियरी की दरगाह पर चादर और फूल पेश कर मन्नतें मांगीं। इसके साथ ही जायरीनों ने इमाम साहब और किलकिली साहब समेत क्षेत्र की अन्य पवित्र दरगाहों पर भी जियारत कर देश में अमन-चैन, खुशहाली और कौमी एकता की दुआएं मांगीं।

आकर्षक रोशनी से नहाई दरगाह, अदा हुई ‘बड़ी रोशनी’ की रस्म

उर्स के प्रमुख आयोजनों के तहत दरगाह साबिर पाक को भव्य व आकर्षक रोशनी से सजाया गया। महफिलखाने में ‘खत्म शरीफ’ के बाद पुरसुकून ‘महफिले समां’ का आयोजन हुआ। सज्जादानशीन शाह अली एजाज साबरी कुद्दुसी ने परंपरागत रूप से ‘बड़ी रोशनी’ की रस्म अदा कराई।

इस रूहानी मौके पर साहिबजादा शाह यावर एजाज साबरी, शाह खालिक मियां, यासिर एजाज साबरी, शाह सुहैल, शाह असद साबरी, मुनव्वर अली साबरी, शाह गाजी, सलीम उदयपुरी, सूफी राशिद साबरी, सूफी इसरार साबरी, अदनान साबरी, नॉमी मियां साबरी और नमीर साबरी समेत कई प्रमुख खादिम, सूफी और बड़ी संख्या में अकीदतमंद मौजूद रहे। बृहस्पतिवार को उर्स के समापन पर ‘कुल शरीफ’ की रस्म अदा की जाएगी।

धूमधाम से निकला जुलूस-ए-मुहम्मदी

ईद मिलादुन्नबी के पावन अवसर पर मदरसा दारुल उलूम कादरिया बरकाते रजा द्वारा भव्य ‘जुलूस-ए-मुहम्मदी’ निकाला गया। मदरसे से शुरू होकर यह जुलूस दरगाह साबिर पाक और अब्दाल साहब होते हुए वापस मदरसे पर संपन्न हुआ। जुलूस में शामिल मदरसे के छात्र, उलेमा और जायरीन पूरे रास्ते नात-ए-पाक और दुरूद-ओ-सलाम पेश करते हुए चल रहे थे। मदरसा प्रबंधक मौलाना गुलाम नबी नूरी ने मुल्क में शांति और भाईचारे की विशेष दुआ कराई।

कलियर के अलावा ज्वालापुर, बढ़ेड़ी राजपूतान, सुल्तानपुर, गढ़मीरपुर, लक्सर और लंढौरा समेत आसपास के ग्रामीण व कस्बाई इलाकों में भी अकीदत के साथ जुलूस निकाले गए।

‘नबी की सीरत और सुन्नत पर अमल करने से ही कायम होगा अमन’

ईद मिलादुन्नबी के अवसर पर कलियर क्षेत्र की मस्जिदों और मदरसों में महफिले मिलाद और कुरआनख्वानी का आयोजन हुआ। दरगाह साबरी जामा मस्जिद में इमाम हाफिज सऊद साबरी ने तिलावते कलाम पाक से कार्यक्रम का आगाज किया।

उलेमाओं ने तकरीर करते हुए कहा कि ईद मिलादुन्नबी पैगंबर-ए-पाक हजरत मुहम्मद मुस्तफा की सीरत और सुन्नतों पर चलने का संदेश देती है। उन्होंने कहा कि मुसलमानों को इस दिन को सिर्फ रस्मी जश्न तक सीमित न रखकर समाज में मोहब्बत, इंसानियत, अमन और भाईचारे को बढ़ावा देना चाहिए। इस दौरान देशभर से आए कारी और हाफिजों ने किरात, नात और मनकबत पेश कीं।

सूफियाना कलाम से गूंजी कलियर की गलियां, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

कलियर में उमड़ी भारी भीड़ के चलते दरगाह साबिर पाक, इमाम साहब और किलकिली साहब जाने वाले मार्गों पर दिनभर जायरीनों की लंबी कतारें लगी रहीं। सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस-प्रशासन ने एक गेट से प्रवेश और दूसरे से निकास की व्यवस्था लागू की।

शाम ढलते ही देश के विभिन्न राज्यों से आए सूफी कव्वालों ने चौक-चौराहों और दरगाह परिसर में सूफियाना कलाम पेश कर समां बांध दिया। देर रात तक जायरीन इन रूहानी महफिलों का आनंद लेते रहे, जिससे पूरा कलियर क्षेत्र भक्ति और उल्लास के रंग में रंगा नजर आया।