
IND vs ENG 3rd ODI: लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर खेले गए सीरीज के तीसरे और निर्णायक वनडे मुकाबले में भारत को इंग्लैंड के हाथों 27 रनों से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ ही भारतीय टीम ने तीन मैचों की वनडे सीरीज भी 1-2 से गंवा दी। मैच में रनों की खूब बारिश हुई, लेकिन अंत में इंग्लैंड का विशाल स्कोर भारतीय टीम पर भारी पड़ा।
पहले बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने भारतीय गेंदबाजों की जमकर खबर ली। बेन डकेट ने अपने करियर की सर्वश्रेष्ठ पारी खेलते हुए 142 रन बनाए, वहीं जैकब बेथेल ने 91 रनों का योगदान दिया। इंग्लैंड की पारी का असली टर्निंग पॉइंट जोस बटलर की बल्लेबाजी रही। पूर्व कप्तान बटलर ने मात्र 13 गेंदों में 41 रनों की तूफानी पारी खेलकर इंग्लैंड को 387 रनों के विशाल स्कोर तक पहुँचाया। इंग्लैंड ने अंतिम पांच ओवरों में 82 रन जोड़कर मैच पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली थी।
388 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम के लिए रोहित शर्मा ने कप्तानी पारी खेली। रोहित ने 110 गेंदों में 138 रन बनाए, जिसमें 17 चौके और 5 छक्के शामिल थे। रोहित के शतक के बाद का दृश्य भावुक करने वाला था—39 वर्षीय इस बल्लेबाज ने शतक जड़ने के बाद न तो बल्ला हवा में लहराया और न ही तालियों का अभिवादन किया; उनके चेहरे पर केवल लक्ष्य हासिल करने का जुनून दिख रहा था।
रोहित ने शुभमन गिल (77) के साथ 147 रनों की और विराट कोहली (74) के साथ 113 रनों की साझेदारी कर जीत की उम्मीदें जगाए रखी थीं। हालांकि, इन दिग्गजों के आउट होते ही भारतीय पारी लड़खड़ा गई और टीम निर्धारित 50 ओवरों में 7 विकेट पर 360 रन ही बना सकी।
इंग्लैंड की जीत के मुख्य शिल्पकार सैम कुरन रहे। उन्होंने अपनी विविधतापूर्ण गेंदबाजी से भारतीय बल्लेबाजों को परेशान किया और 75 रन देकर 4 विकेट हासिल किए। विशेष रूप से पारी के अंतिम ओवरों में कुरन की धीमी गति की गेंदों ने ईशान किशन, श्रेयस अय्यर और विराट कोहली को पवेलियन भेजकर मुकाबले का रुख इंग्लैंड की ओर मोड़ दिया।
इस मैच में भारतीय तेज गेंदबाजी आक्रमण काफी अनुभवहीन नजर आया। प्रसिद्ध कृष्णा, अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव और गुरनूर बराड़ की चौकड़ी के पास कुल मिलाकर केवल 51 वनडे मैचों का अनुभव था। इसका खामियाजा टीम को भुगतना पड़ा, जहां गुरनूर बराड़ ने 10 ओवर में 97 रन लुटा दिए।
इस हार ने भारतीय टीम प्रबंधन को एक बार फिर गेंदबाजी क्रम में गहराई और अनुभव पर विचार करने के लिए मजबूर कर दिया है।
