
देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में बुधवार को खेल जगत के एक बड़े आयोजन का आगाज हुआ। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने परेड ग्राउंड स्थित बहुद्देशीय क्रीड़ा हॉल में ‘87वें इंटर स्टेट जूनियर एवं यूथ नेशनल टेबल टेनिस चैंपियनशिप’ का विधिवत उद्घाटन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री एक अलग ही अंदाज में नजर आए; उन्होंने टेबल टेनिस खेलकर न केवल अपनी खेल भावना का प्रदर्शन किया, बल्कि युवा खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन भी किया।
उत्तराखंड के लिए गौरव का क्षण
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह राज्य के लिए अत्यंत गौरव का विषय है कि उत्तराखंड को पहली बार इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता की मेजबानी करने का अवसर मिला है। इसके लिए उन्होंने भारतीय टेबल टेनिस महासंघ का विशेष आभार व्यक्त किया।
खेलों से होता है व्यक्तित्व का सर्वांगीण विकास
मुख्यमंत्री धामी ने जीवन में खेलों के महत्व पर जोर देते हुए कहा, “खेल केवल हार-जीत या प्रतिस्पर्धा का माध्यम नहीं हैं, बल्कि ये व्यक्तित्व निर्माण का सशक्त आधार हैं। खेलों के माध्यम से युवाओं में अनुशासन, धैर्य, टीम भावना और लक्ष्य के प्रति समर्पण जैसे गुण विकसित होते हैं।” उन्होंने कहा कि यही जीवन-मूल्य युवाओं को भविष्य की हर चुनौती के लिए तैयार करते हैं।
युवा ही हैं देश का भविष्य
देशभर से आए युवा खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे केवल अपने राज्यों का ही नहीं, बल्कि भारत के उज्ज्वल भविष्य का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि खिलाड़ियों की कड़ी मेहनत और संकल्प ही भारत को वैश्विक खेल मानचित्र पर नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।
पीएम मोदी के नेतृत्व में खेल संस्कृति को मिली नई दिशा
टेबल टेनिस की बारीकियों पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस खेल में गति, संतुलन और मानसिक दृढ़ता का बेहतरीन समन्वय चाहिए। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन की सराहना करते हुए कहा कि ‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया मूवमेंट’ जैसे अभियानों ने देश में खेल संस्कृति को पुनर्जीवित किया है। आज इसी का परिणाम है कि भारतीय खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय मंचों पर तिरंगे का मान बढ़ा रहे हैं।
इस अवसर पर खेल विभाग के अधिकारी, भारतीय टेबल टेनिस महासंघ के पदाधिकारी और देशभर से आए सैकड़ों खिलाड़ी एवं खेल प्रेमी उपस्थित रहे।
