कांवड़ यात्रा को देखते हुए प्रशासन ने नगर निगम क्षेत्र व हरिपुर, रायवाला, प्रतीत नगर, श्यामपुर और हाइवे पर पड़ने वाले समस्त विद्यालयों में 21, 22 और 23 जुलाई को अवकाश घोषित किया है। इस संबंध में अपर जिला मजिस्ट्रेट/मुख्य कार्यकारी अधिकारी जनपद आपदा प्रबंधन प्राधिकरण कार्यालय द्वारा आदेश जारी किए गए हैं।
देहरादून: कांवड़ यात्रा में श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए, देहरादून जिला प्रशासन ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। जिले के कुछ क्षेत्रों में 21 जुलाई से 23 जुलाई तक सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित कर दिया गया है। यह आदेश छात्रों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के मद्देनजर जारी किया गया है।
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) और जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के.के. मिश्रा द्वारा जारी आदेश के अनुसार, यह अवकाश ऋषिकेश नगर निगम क्षेत्र, हरिपुर कलां, रायवाला, प्रतीतनगर, नेपाली फार्म, श्यामपुर और राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित सभी शिक्षण संस्थानों पर लागू होगा। इन क्षेत्रों के सभी आंगनबाड़ी केंद्र भी इस अवधि में बंद रहेंगे।
प्रशासन ने यह कदम कांवड़ यात्रा के चरम पर होने के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से बचने और बच्चों को होने वाली असुविधा को रोकने के लिए उठाया है।कांवड़ यात्रा के कारण इन क्षेत्रों में भारी भीड़ होने की आशंका है, जिससे यातायात प्रभावित हो सकता है और छात्रों को स्कूल आने-जाने में परेशानी हो सकती है।
यातायात में भी बड़े बदलाव
गौरतलब है कि कांवड़ यात्रा को लेकर देहरादून में 11 जुलाई से ही यातायात में बदलाव किए गए हैं, जो 23 जुलाई तक प्रभावी रहेंगे।विशेष रूप से 20 से 23 जुलाई तक डाक कांवड़ के दौरान यातायात की विशेष योजना लागू की गई है। इस दौरान कई मार्गों पर डायवर्जन किया गया है और कुछ मार्गों को केवल कांवड़ियों के लिए आरक्षित किया गया है।प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे यात्रा के लिए निकलने से पहले ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करें ताकि यात्रा सुगम और सुरक्षित रहे।
देहरादूनउत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस ने अभी से सियासी बिसात बिछानी शुरू…
रुद्रप्रयाग। रक्षाबंधन के पावन पर्व पर हिमालय की सदियों पुरानी लोकपरंपरा और आधुनिक आत्मनिर्भरता का अनूठा…
चीनी स्टॉक पर खड़गे को जवाब: देश में चीनी की कोई कमी नहीं, मोदी सरकार में…
पहाड़ों में भूस्खलन और मैदानों में जलभराव का संकट: प्रशासन व आपदा प्रबंधन टीमें हाई अलर्ट…
हरिद्वार में 'वन नेशन-वन इलेक्शन' पर महामंथन अखाड़ा परिषद ने भी भरी हामी: कहा- 1970 तक…
4,000 वर्ग किमी में फैले जोन में सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का होगा कड़ाई से…