UTTARAKHAND

दिल्ली-दून एक्सप्रेसवे: रफ्तार का ‘वरदान’ बना दून-मसूरी के लिए बड़ी चुनौती, वीकेंड पर ‘महाजाम’ से थमी शहर की रफ्तार

देहरादून: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट ‘दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे’ ने उत्तराखंड की कनेक्टिविटी में क्रांति तो ला दी है, लेकिन अब यही रफ्तार देहरादून और मसूरी जैसे पर्यटन स्थलों के लिए जी का जंजाल बनती जा रही है। महज ढाई घंटे में दिल्ली से देहरादून पहुंचने की सुविधा ने पर्यटकों की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि कर दी है, जिससे शहर का मौजूदा इंफ्रास्ट्रक्चर चरमरा गया है।

ढाई घंटे का सफर और घंटों का जाम

एक्सप्रेसवे बनने से पहले दिल्ली से देहरादून की यात्रा में 5 से 6 घंटे लगते थे, जो अब घटकर ढाई घंटे रह गई है। इस तेज कनेक्टिविटी का नतीजा यह है कि दिल्ली-एनसीआर से हजारों की संख्या में पर्यटक एक ही दिन के सफर पर देहरादून और मसूरी पहुंच रहे हैं। एक्सप्रेसवे पर 100-120 किमी की रफ्तार से आने वाले वाहन जैसे ही देहरादून की सीमाओं में प्रवेश करते हैं, उन्हें दशकों पुरानी संकरी सड़कों और भारी भीड़ का सामना करना पड़ता है, जिससे पूरा शहर ‘ओपन एयर पार्किंग’ में तब्दील हो जाता है।

मसूरी में ट्रैफिक का दबाव 3 गुना बढ़ा

पहाड़ों की रानी मसूरी में हालात सबसे ज्यादा चिंताजनक हैं। आंकड़ों के मुताबिक:

  • पहले वीकेंड पर औसतन 2,500 से 3,000 वाहन मसूरी पहुंचते थे।
  • अब यह संख्या बढ़कर 7,000 से 8,000 के पार पहुंच गई है।
  • पिछले रविवार को रिकॉर्ड 7,200 वाहन मसूरी पहुंचे, जिससे माल रोड और लाइब्रेरी चौक जैसे इलाकों में घंटों तक चक्का जाम रहा।

चारधाम यात्रा ने बढ़ाई पुलिस की चुनौती

वर्तमान में चल रही चारधाम यात्रा ने इस समस्या को और गंभीर बना दिया है। गंगोत्री और यमुनोत्री जाने वाले तीर्थयात्री भी देहरादून मार्ग का उपयोग कर रहे हैं। पर्यटकों और श्रद्धालुओं के इस दोहरे दबाव के कारण पुलिस प्रशासन के लिए ट्रैफिक संभालना टेढ़ी खीर साबित हो रहा है।

प्रशासनिक तैयारी: हरिद्वार रूट से डायवर्जन की योजना

बढ़ते ट्रैफिक को देखते हुए देहरादून पुलिस और प्रशासन अब ‘प्लान-बी’ पर काम कर रहे हैं।

  • एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने स्पष्ट किया है कि यदि शहर के भीतर दबाव क्षमता से अधिक हुआ, तो दिल्ली से आने वाले वाहनों को शहर में प्रवेश देने के बजाय हरिद्वार के रास्ते डायवर्ट किया जाएगा।
  • शहर के प्रमुख चौराहों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और हाई-लेवल बैठकों का दौर जारी है।

क्या कहते हैं जिम्मेदार?

“यह एक्सप्रेसवे एक मील का पत्थर है, लेकिन अचानक बढ़ी भीड़ ने चुनौतियां खड़ी कर दी हैं। हमारा इंफ्रास्ट्रक्चर फिलहाल इस दबाव के लिए पूरी तरह तैयार नहीं है। हम ट्रैफिक को शहर के बाहर ही रोकने और जरूरत पड़ने पर हरिद्वार रूट पर डायवर्ट करने की योजना बना रहे हैं।”— प्रमेंद्र डोबाल, एसएसपी देहरादून

“एक्सप्रेसवे से राज्य को आर्थिक लाभ हो रहा है। हम पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए जल्द ही बिंदाल से राजपुर मार्ग को एक नई पहचान देने वाली परियोजना धरातल पर लाएंगे। जाम की समस्या को कम करने के लिए विभाग दीर्घकालिक योजनाओं पर काम कर रहा है।”— प्रदीप बत्रा, परिवहन मंत्री, उत्तराखंड

भविष्य की राह

एक्सप्रेसवे ने उत्तराखंड के पर्यटन को नए पंख तो दिए हैं, लेकिन देहरादून की संकरी सड़कों और मसूरी की सीमित क्षमता के बीच संतुलन बिठाना अब सरकार के लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता बन गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक शहर के भीतर फ्लाईओवर्स और वैकल्पिक मार्गों का जाल नहीं बिछता, तब तक यह ‘रफ्तार’ राहत कम और आफत ज्यादा बनी रहेगी।

Tv10 India

Recent Posts

नगरासू कांड के बाद चमोली में अलर्ट: इंटरनेट सेवाएं बंद, सीमाओं पर पुलिस और ITBP की भारी तैनाती

चमोली। पड़ोसी जिले रुद्रप्रयाग के नगरासू गुरुद्वारे में हुए घटनाक्रम के बाद अब चमोली जनपद…

18 mins ago

नगरासू गुरुद्वारा विवाद: बंधक सेवादार की सुरक्षित रिहाई, स्थिति अब नियंत्रण में

क्या था विवाद: लंगर के दौरान प्रबंध कमेटी और निहंगों के बीच विवाद के बाद 7…

29 mins ago

उत्तराखंड: चुनाव से पहले कांग्रेस ने मजबूत किया कुनबा, कल सचिवालय घेराव की तैयारी

देहरादून। उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव की सुगबुगाहट के बीच राज्य में राजनीतिक सरगर्मियां लगातार…

41 mins ago

अंतरराष्ट्रीय योग दिवस: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बनबसा में किया योगाभ्यास; उत्तराखंड को वैश्विक योग राजधानी बनाने का संकल्प

चंपावत/बनबसा, 21 जून:12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी…

7 hours ago

देश सेवा का संकल्प: लैंसडाउन में गढ़वाल राइफल्स के 259 अग्निवीरों की पासिंग आउट परेड संपन्न, सेना के अभिन्न अंग बने जांबाज

भवानी दत्त जोशी परेड ग्राउंड में गूंजे भारत माता के जयकारे; ब्रिगेडियर विनोद सिंह नेगी…

24 hours ago

गढ़वाल कमिश्नर का बड़ा फैसला: पौड़ी मुख्यालय में अधिकारियों की मौजूदगी अनिवार्य, मुख्यालय छोड़ने से पहले लेनी होगी अनुमति

पौड़ी मंडल मुख्यालय के सुनसान पड़े दफ्तरों में लौटेगी रौनक; कमिश्नर ने स्वयं मुख्यालय में…

24 hours ago