देहरादून: उत्तराखंड में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के समर्थन में धामी सरकार द्वारा बुलाए गए विधानसभा के एक दिवसीय विशेष सत्र को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता आलोक शर्मा ने इस सत्र को ‘जनता के पैसों की बर्बादी’ करार देते हुए सरकार पर कड़े प्रहार किए हैं।
कांग्रेस प्रवक्ता आलोक शर्मा ने विधानसभा के इस विशेष सत्र को पूरी तरह ‘औचित्यहीन’ बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सत्र उत्तराखंड की महिलाओं के हित के लिए नहीं, बल्कि केवल दिल्ली में बैठे ‘आकाओं’ को खुश करने के लिए बुलाया गया है। शर्मा ने कहा, “यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि जिस तरह प्रधानमंत्री मोदी ने करोड़ों रुपये खर्च कर संसद के पटल का उपयोग राजनीति के लिए किया, मुख्यमंत्री धामी भी उसी राह पर चल रहे हैं।”
आलोक शर्मा ने वित्तीय प्रबंधन पर सवाल उठाते हुए कहा कि मात्र एक दिन के चुनावी भाषण और फोटो खिंचवाने के लिए सरकारी खजाने के लगभग 10 से 12 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि जनता की गाढ़ी कमाई की इस बर्बादी का जिम्मेदार आखिर कौन है?
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक 73वें और 74वें संविधान संशोधन जैसे मुद्दों को संसद और विधानसभा में स्पष्ट नहीं किया जाता, तब तक महिला आरक्षण की राह में अड़चनें आती रहेंगी। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा, “कांग्रेस हमेशा से महिलाओं को अधिक भागीदारी देने की पक्षधर रही है। अगर भाजपा कोई वास्तविक पहल करती है, तो हम उनसे चार कदम आगे चलेंगे।”
भाजपा पर कटाक्ष करते हुए आलोक शर्मा ने कहा कि भाजपा के लोग ‘रथ’ पर चलने वाले लोग हैं, जबकि कांग्रेस जमीन पर संघर्ष करने वाली पार्टी है। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का जिक्र करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से ही देश ने महिला सशक्तिकरण की वास्तविक दिशा देखी थी।
कांग्रेस ने महिला सुरक्षा के मुद्दे पर सरकार को सबसे ज्यादा घेरा। आलोक शर्मा ने दो टूक कहा, “जिस दिन धामी सरकार अंकिता भंडारी को संपूर्ण न्याय दिला देगी, उसी दिन उन्हें महिला सशक्तिकरण की बात करने का नैतिक अधिकार होगा। जब तक बेटियों को इंसाफ नहीं मिलता, तब तक ऐसे विशेष सत्र केवल एक दिखावा और ढोंग हैं।”
इस तीखे हमले के बाद अब प्रदेश की सियासत गरमा गई है। कांग्रेस के इन आरोपों ने विशेष सत्र की गंभीरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसका जवाब देना अब सत्ताधारी दल के लिए एक बड़ी चुनौती होगी।
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