
श्रीनगर गढ़वाल (पौड़ी): पौड़ी जिले के श्रीनगर गढ़वाल क्षेत्र से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। धारी देवी मंदिर के दर्शन कर लौट रहे देहरादून निवासी 21 वर्षीय युवक लक्ष्य रस्तोगी की बंजी जंपिंग के तुरंत बाद संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। डॉक्टरों ने शुरुआती जांच के आधार पर मौत का संभावित कारण सिंकोप अटैक (Syncope Attack) या कार्डियक स्ट्रोक (Cardiac Stroke) होने की आशंका जताई है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।
मंदिर दर्शन से लौटते समय की थी बंजी जंपिंग
प्राप्त जानकारी के अनुसार, देहरादून के शांति विहार कालागढ़ निवासी संजीव रस्तोगी अपने परिवार के साथ 16 जून को धारी देवी मंदिर में दर्शन करने आए थे। वापसी के दौरान मलेथा के पास उनके 21 वर्षीय बेटे लक्ष्य रस्तोगी ने बंजी जंपिंग करने की इच्छा जताई। परिजनों की सहमति मिलने के बाद लक्ष्य अलकनंदा नदी के ऊपर रोमांचक बंजी जंपिंग के लिए चला गया। लेकिन राइड पूरी करने के बाद जब वह वापस ऊपर आया, तो उसने पेट व सीने में तेज दर्द और सांस लेने में भारी तकलीफ की शिकायत की।
अस्पताल पहुंचने से पहले ही खो दिया होश
तबीयत बिगड़ती देख परिजन उसे आराम दिलाने के लिए पास के ही रामकुंड लॉज में ले गए। लेकिन कुछ ही देर में लक्ष्य का दर्द असहनीय हो गया और वह बेहोश हो गया। घबराए हुए परिजन रात करीब 9 बजे उसे लेकर तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) बागी पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
डॉक्टरों ने सीपीआर देकर बचाने का किया प्रयास
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बागी के प्रभारी डॉ. आकाश दीप ने बताया कि जब रात करीब 9 बजे लक्ष्य को अस्पताल लाया गया, तो उसकी नब्ज (पल्स) नहीं चल रही थी। डॉक्टरों की टीम ने तुरंत उसे सीपीआर (CPR) दिया, लेकिन उसके शरीर में कोई हरकत नहीं हुई।
अस्पताल के डॉक्टर अमर दीप ने परिजनों से मिली जानकारी के आधार पर बताया कि बंजी जंपिंग के तुरंत बाद ही युवक को पेट दर्द और सांस लेने में अत्यधिक कठिनाई होने लगी थी। उन्होंने आशंका जताई है कि मौत का कारण सिंकोप अटैक (अचानक दिल की धड़कन रुकना या बेहोश होना) या कार्डियक स्ट्रोक हो सकता है। वास्तविक कारणों की पुष्टि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी।
पुलिस की कार्रवाई
इस दर्दनाक हादसे के संबंध में थाना हिंडोलाखाल पुलिस का कहना है कि फिलहाल उन्हें इस मामले में कोई लिखित शिकायत या औपचारिक सूचना प्राप्त नहीं हुई है। इसके बावजूद पुलिस प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और आवश्यक जानकारी जुटाई जा रही है।
