देहरादून: उत्तराखंड में इन दिनों भीषण गर्मी का दौर जारी है। राज्य के मैदानी इलाकों से लेकर पर्वतीय क्षेत्रों तक सूरज की तपिश ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 48 घंटों तक लोगों को गर्मी से कोई राहत नहीं मिलेगी, बल्कि तापमान में और बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी।
दो से चार डिग्री बढ़ेगा तापमान
मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून के निदेशक डॉ. सीएस तोमर के अनुसार, फिलहाल प्रदेश में कोई सक्रिय मौसमी सिस्टम नहीं है, जिसके चलते अगले दो दिनों तक कहीं भी बारिश या बर्फबारी की संभावना नहीं है। इसके विपरीत, अगले 48 घंटों के दौरान राज्य के तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी होने का पूर्वानुमान है, जिससे गर्मी का प्रकोप और बढ़ेगा।
20 मई के बाद मिलेगी राहत
गर्मी से जूझ रहे लोगों के लिए राहत भरी खबर यह है कि 20 मई के बाद मौसम में बदलाव की संभावना है। डॉ. तोमर ने बताया कि 20 से 24 मई के बीच उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़ और बागेश्वर जिलों में हल्की बारिश और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी हो सकती है, जिससे तापमान में गिरावट आने की उम्मीद है। वहीं, राज्य में मानसून के 20 से 25 जून के बीच दस्तक देने के आसार हैं।
वनाग्नि (फॉरेस्ट फायर) का बढ़ा खतरा
बढ़ते तापमान और शुष्क मौसम ने वन विभाग की चिंताएं भी बढ़ा दी हैं। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि जैसे-जैसे तापमान बढ़ेगा, वनाग्नि की घटनाओं में उछाल आने की प्रबल संभावना है। विभाग ने वन विभाग को लगातार मौसम का पूर्वानुमान साझा करने और सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
आम जनता के लिए सलाह
मौसम विभाग ने बढ़ते तापमान को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। विशेष रूप से दोपहर के समय धूप में निकलने से बचने और पर्याप्त पानी पीने का सुझाव दिया गया है। साथ ही, वन विभाग को भी वनाग्नि पर अंकुश लगाने के लिए विशेष निगरानी बरतने की आवश्यकता है।
नैनीताल/रुद्रपुर: उत्तराखंड में धर्मांतरण और सरकारी योजनाओं का दोहरा लाभ लेने के मामले लगातार तूल पकड़…
हरिद्वार। भाजपा की वरिष्ठ नेत्री और पूर्व सांसद रीता बहुगुणा जोशी के दिवंगत पति पुरन चंद…
देहरादून: उत्तराखंड के पर्वतीय और दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में…
देहरादून: उत्तराखंड में महिला कांग्रेस की नवनियुक्त गढ़वाल मंडल कार्यकारी अध्यक्ष आशा मनोरमा डोबरियाल ने राज्य…
अधिक मास (पुरुषोत्तम मास) में 33 मालपुओं का दान करने की परंपरा के पीछे एक बहुत ही…
सनातन धर्म में काल गणना का अपना ही महत्व है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, जब…